न ब्लैकबोर्ड, न कोई औपचारिक व्यवस्था, बस बच्चों की गोद में रखी नोटबुक और एक ऐसा शिक्षक जो बदलाव लाने की सच्ची कोशिश कर रहा है और बेघर बच्चों को सड़क किनारे पढ़ा रहा है. न ब्लैकबोर्ड, न कोई औपचारिक व्यवस्था, बस बच्चों की गोद में रखी नोटबुक और एक ऐसा शिक्षक जो बदलाव लाने की सच्ची कोशिश कर रहा है और बेघर बच्चों को सड़क किनारे पढ़ा रहा है. NDTV India – Latest
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