सामाजिक सुधार के नाम पर किसी धर्म को खोखला नहीं किया जा सकता: सबरीमाला मामले पर सुप्रीम कोर्ट ​

 मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत ने कहा कि कोर्ट के लिए सबसे मुश्किल काम यह हो सकता है कि वह कैसे यह घोषित करे कि लाखों लोगों की मान्यता गलत या त्रुटिपूर्ण है. इसी तरह, जस्टिस एम एम सुंदरेश ने पूछा कि क्या कोर्ट लाखों लोगों के प्रतिनिधित्व को सुने बिना ऐसे सवालों पर फैसला कर सकते हैं? मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत ने कहा कि कोर्ट के लिए सबसे मुश्किल काम यह हो सकता है कि वह कैसे यह घोषित करे कि लाखों लोगों की मान्यता गलत या त्रुटिपूर्ण है. इसी तरह, जस्टिस एम एम सुंदरेश ने पूछा कि क्या कोर्ट लाखों लोगों के प्रतिनिधित्व को सुने बिना ऐसे सवालों पर फैसला कर सकते हैं? NDTV India – Latest