गोरखपुर पुलिस को पूछताछ में पता चला है कि फर्जी IAS ललित किशोर उर्फ गौरव कुमार बिहार के सीतामढ़ी का रहने वाला है. उसके पिता मजदूरी करते हैं. फर्जी IAS ने MSC की पढ़ाई के बाद 3 साल तक सिविल सेवा की तैयारी की. कामयाबी नहीं मिली तो 2022 में सेंटर खोल कर कोचिंग का काम शुरू किया था. गोरखपुर पुलिस को पूछताछ में पता चला है कि फर्जी IAS ललित किशोर उर्फ गौरव कुमार बिहार के सीतामढ़ी का रहने वाला है. उसके पिता मजदूरी करते हैं. फर्जी IAS ने MSC की पढ़ाई के बाद 3 साल तक सिविल सेवा की तैयारी की. कामयाबी नहीं मिली तो 2022 में सेंटर खोल कर कोचिंग का काम शुरू किया था. NDTV India – Latest